CM Dhami Inspection- भाऊवाला में आयोजित कार्यक्रम से लौटते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अतिवृष्टि के कारण क्षतिग्रस्त हुए नंदा की चौकी पुल की एप्रोच रोड के सुधार कार्य का औचक स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने पुनर्निर्माण की गुणवत्ता, सुरक्षा व्यवस्थाओं तथा यातायात संचालन की स्थिति का जायजा लिया और मौके पर मौजूद लोक निर्माण विभाग (PWD) के उच्च अधिकारियों से विस्तृत जानकारी प्राप्त की।
स्थलीय निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जनसुविधा और सुरक्षा से जुड़े कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने निर्माण कार्यों की उच्च गुणवत्ता सुनिश्चित करने के साथ-साथ नदी के जलप्रवाह से होने वाले कटाव के स्थायी समाधान के निर्देश दिए। सीएम ने कहा कि भविष्य में ऐसी स्थिति की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए विभाग प्रभावी और दूरगामी तकनीकी कदम उठाए।

मुख्यमंत्री धामी ने सख्त रुख अपनाते हुए चेतावनी दी कि जनहित के कार्यों में गुणवत्ता से समझौता करने वालों की सीधी जवाबदेही तय की जाएगी और दोषी पाए जाने पर संबंधितों पर सख़्त से सख़्त कार्रवाई होगी।
CM Dhami Inspection- 12 घंटे के भीतर बहाल हुआ था यातायात
CM Dhami Inspection- गौरतलब है कि हाल ही में हुई मूसलाधार बारिश और अतिवृष्टि के चलते टोंस नदी पर बने नंदा की चौकी (प्रेमनगर) पुल की एप्रोच रोड पूरी तरह धंस गई थी। घटना की गंभीरता को देखते हुए शासन ने तुरंत राहत और मरम्मत कार्य शुरू करवाया, जिसके बाद 12 घंटे के भीतर सड़क को दुरुस्त कर यातायात बहाल कर दिया गया था।
हालांकि, सड़क धंसने के मामले में प्रथम दृष्टया लापरवाही सामने आने पर शासन ने कड़ा संज्ञान लिया था। जांच रिपोर्ट के आधार पर लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता (EE), सहायक अभियंता (AE) और कनिष्ठ अभियंता (JE) को निलंबित कर दिया गया था। इसके साथ ही निर्माण कार्य करने वाली कंपनी ‘हिमालयन कंस्ट्रक्शन’ को PWD की आगामी निविदा प्रक्रियाओं से प्रतिबंधित करते हुए ब्लैकलिस्ट करने की कार्रवाई की गई है और डिजाइन कंसल्टेंट के खिलाफ भी कार्रवाई के आदेश दिए गए हैं।

CM Dhami Inspection- मुख्यमंत्री के इस औचक निरीक्षण से साफ है कि सरकार बुनियादी ढांचे के निर्माण और जनसुरक्षा के मामलों में जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है।
यह भी पढ़ें…