High Alert in Kedarnath Yatra- इस वर्ष केदारनाथ धाम यात्रा को सुरक्षित, व्यवस्थित और श्रद्धालु-केंद्रित बनाने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह हाई अलर्ट मोड में है, रुद्रप्रयाग के जिलाधिकारी विशाल मिश्रा स्वयं लगातार दूसरी बार केदारनाथ धाम पहुंचकर जमीनी स्तर पर व्यवस्थाओं की गहन समीक्षा कर रहे हैं उन्होंने स्पष्ट किया है कि यात्रा व्यवस्था में किसी भी स्तर पर लापरवाही अब बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
धाम पहुंचने पर जिलाधिकारी ने यात्रा मजिस्ट्रेट, सेक्टर और सब-सेक्टर मजिस्ट्रेट सहित पुलिस, स्वास्थ्य, लोक निर्माण, पेयजल, विद्युत, पशुपालन और सुलभ प्रशासन के अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की, बैठक में पिछले दो दिनों की यात्रा व्यवस्थाओं का फीडबैक लिया गया और मौके पर ही सुधार के लिए सख्त निर्देश जारी किए गए।
High Alert in Kedarnath Yatra- प्रशासन ने व्यवस्था को और अधिक चुस्त-दुरुस्त बनाने के लिए सभी विभागों को 24×7 अलर्ट मोड में रहने के आदेश दिए हैं। पेयजल, स्वास्थ्य, बिजली और सफाई जैसी सेवाओं में किसी भी शिकायत पर अधिकतम 10 मिनट के भीतर समाधान सुनिश्चित करने को कहा गया है। लापरवाही पाए जाने पर कड़ी जवाबदेही तय करने की चेतावनी भी दी गई है।
सबसे महत्वपूर्ण निर्णयों में मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में यूट्यूबर, ब्लॉगर और ड्रोन उड़ाने पर पूर्ण प्रतिबंध शामिल है साथ ही भ्रामक वीडियो, रील या ब्लॉग प्रसारित करने वालों पर तत्काल कानूनी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। जिला सूचना अधिकारी को 24×7 निगरानी कर ऐसे मामलों पर तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया है।

High Alert in Kedarnath Yatra- भ्रामक और निराधार सूचनाओं को लेकर रुद्रप्रयाग पुलिस भी सख्त रुख अपना रही है। अब तक इस तरह के मामलों में कोतवाली सोनप्रयाग में तीन मुकदमे दर्ज किए जा चुके हैं।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों और कर्मचारियों को श्रद्धालुओं के साथ विनम्र, संवेदनशील और सहयोगात्मक व्यवहार बनाए रखने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि यात्रा की छवि और श्रद्धालुओं का अनुभव सर्वोच्च प्राथमिकता है।
इसके साथ ही बीकेटीसी (BKTC) के कर्मचारियों को प्रशासन के साथ बेहतर समन्वय बनाकर दर्शन व्यवस्था को सुचारू, तेज और निर्बाध रखने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि किसी भी श्रद्धालु को अनावश्यक प्रतीक्षा न करनी पड़े।
High Alert in Kedarnath Yatra- कुल मिलाकर इस वर्ष केदारनाथ यात्रा प्रशासन की ओर से “सुपर एक्टिव और जीरो टॉलरेंस” नीति के साथ संचालित की जा रही है, जिसमें सुरक्षा, सुविधा और पारदर्शिता पर विशेष जोर दिया गया है।