Har Ki Pauri- हरकी पैड़ी और कुंभ क्षेत्र में गैर हिंदुओं के प्रवेश पर उठ रही बहस के बीच, पुष्कर सिंह धामी ने साफ किया है कि इस विषय पर कोई भी निर्णय सरकार संबंधित संस्थाओं और धर्मगुरुओं से विमर्श के बाद ही लेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार उनके भावनाओं और सुझावों का सम्मान करते हुए, कानून और अधिनियमों के अनुरूप ही कार्रवाई करेगी।
मुख्यमंत्री धामी यह बातें सोमवार को हरिद्वार के श्यामपुर क्षेत्र स्थित आर्यनगर में आयोजित ‘मुख्य सेवक जन चौपाल’ के दौरान जनता के बीच बैठकर कही। चौपाल में मुख्यमंत्री ग्रामीणों के साथ चारपाई पर बैठकर सीधे संवाद करते नजर आए और उनकी समस्याओं को सुना। उन्होंने प्रत्येक ग्रामीण का हालचाल जाना और अधिकारियों को उनकी शिकायतों का त्वरित निस्तारण करने के निर्देश दिए।
Har Ki Pauri- धामी ने स्पष्ट किया कि सरकार अब फाइलों में नहीं बल्कि मैदान में काम करेगी। उन्होंने जिलाधिकारी को सभी प्रार्थना पत्रों का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए और कहा कि किसी भी शिकायत को लंबित रखना स्वीकार्य नहीं होगा। जनता की समस्याओं पर देरी या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

हरिद्वार में श्री गंगा सभा समेत कई संतों ने हरकी पैड़ी, प्रमुख गंगा घाट और कुंभ क्षेत्र में गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाने की मांग उठाई है। इस संबंध में हरकी पैड़ी क्षेत्र में पांच से अधिक स्थानों पर गैर-हिंदुओं के प्रवेश वर्जित क्षेत्र के चेतावनी बोर्ड भी लगाए गए हैं। यह मामला देशभर में चर्चा का विषय बना हुआ है।
Har Ki Pauri- अर्धकुंभ मेले की तैयारियों का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि मेले को भव्य और दिव्य स्वरूप प्रदान करने के लिए कार्य प्रगति पर हैं। उन्होंने बताया कि आधारभूत ढांचे के विकास, सुरक्षा प्रबंध और श्रद्धालुओं की सुविधाओं को प्राथमिकता दी जा रही है। जनता और तीर्थयात्रियों के आराम और सुरक्षा के लिए हर संभव इंतजाम किए जा रहे हैं।